Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.128.39-40: भीम! तुमने सूचना दी और अपने गुरु की आज्ञा का पालन किया। पाण्डवपुत्र! जो तुम्हारे शत्रु हैं, वे युद्ध में विजयी नहीं हो सकते। यह सौभाग्य की बात है कि सव्यसाची अर्जुन युद्धभूमि में जीवित हैं। 39-40। | mahabharat अध्याय 7.128: भीमसेनका द्रोणाचार्य और अन्य कौरव योद्धाओंको पराजित करते हुए द्रोणाचार्यके रथको आठ बार फेंक देना तथा श्रीकृष्ण और अर्जुनके समीप पहुँचकर गर्जना करना तथा युधिष्ठिरका प्रसन्न होकर अनेक प्रकारकी बातें सोचना । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
भीम! तुमने सूचना दी और अपने गुरु की आज्ञा का पालन किया। पाण्डवपुत्र! जो तुम्हारे शत्रु हैं, वे युद्ध में विजयी नहीं हो सकते। यह सौभाग्य की बात है कि सव्यसाची अर्जुन युद्धभूमि में जीवित हैं। 39-40।
Bhima! You gave the information and obeyed the orders of your Guru. Son of Pandava! Those who are your enemies cannot be victorious in the war. It is fortunate that Savyasachi Arjun is alive in the battlefield. 39-40.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥