Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.113.39: वे सभी एक-दूसरे का सहारा लेकर युद्ध के लिए डटे हुए हैं। वे युद्धभूमि को कभी नहीं छोड़ेंगे। आप उनके बीच रहकर प्रसन्नतापूर्वक अपने घोड़ों को आगे बढ़ाएँ। 39. | mahabharat अध्याय 7.113: सात्यकिका द्रोण और कृतवर्माके साथ युद्ध करते हुए काम्बोजोंकी सेनाके पास पहुँचना । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
अन्योन्यं समुपाश्रित्य न त्यक्ष्यन्ति रणाजिरम्।
एतदन्तरमासाद्य चोदयाश्वान् प्रहृष्टवत्॥ ३९॥
अनुवाद
वे सभी एक-दूसरे का सहारा लेकर युद्ध के लिए डटे हुए हैं। वे युद्धभूमि को कभी नहीं छोड़ेंगे। आप उनके बीच रहकर प्रसन्नतापूर्वक अपने घोड़ों को आगे बढ़ाएँ। 39.
‘All of them are standing firm for the battle, taking support of each other. They will never leave the battlefield. You should happily move your horses forward while being amongst them. 39.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥