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mahabharat 7.108.10: राजन! अन्त में सहदेव के पुत्र ने यह जानकर कि उसके भाइयों ने शाल्क को युद्ध से विमुख कर दिया है, एक तीखे चाकू से महाहृदयी शाल्क का सिर काट डाला।   |   mahabharat अध्याय 7.108: द्रौपदीपुत्रोंके द्वारा सोमदत्तकुमार शलका वध तथा भीमसेनके द्वारा अलम्बुषकी पराजय   ।   mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  7.108.10 
साहदेविस्तु तं ज्ञात्वा भ्रातृभिर्विमुखीकृतम्।
क्षुरप्रेण शिरो राजन् निचकर्त महात्मन:॥ १०॥
 
 
अनुवाद
राजन! अन्त में सहदेव के पुत्र ने यह जानकर कि उसके भाइयों ने शाल्क को युद्ध से विमुख कर दिया है, एक तीखे चाकू से महाहृदयी शाल्क का सिर काट डाला।
 
King! At last Sahadeva's son, knowing that his brothers had turned Shalka away from the battle, cut off the head of the great-hearted Shalka with a razor-sharp knife.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)