श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 104: अर्जुनका कौरव महारथियोंके साथ घोर युद्ध  »  श्लोक 23
 
 
श्लोक  7.104.23 
ततो द्रौणिस्त्रिसप्तत्या वासुदेवमताडयत्।
अर्जुनं च त्रिभिर्भल्लैर्ध्वजमश्वांश्च पञ्चभि:॥ २३॥
 
 
अनुवाद
उस समय अश्वत्थामा ने भगवान कृष्ण पर तिहत्तर बाण चलाये, तीन भालों से अर्जुन को घायल कर दिया तथा पाँच बाणों से उनके ध्वज और घोड़ों को घायल कर दिया।
 
At that time Ashvatthama shot seventy-three arrows at Lord Krishna, injured Arjuna with three spears and wounded his flag and horses with five arrows.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)