Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.1.12: उस महान भय के समय दुर्योधन की सेना में वह कौन वीर योद्धा था जिसके संरक्षण में वीर कौरव रणभूमि में भयभीत नहीं हुए ॥12॥ | mahabharat अध्याय 7.1: भीष्मजीके धराशायी होनेसे कौरवोंका शोक तथा उनके द्वारा कर्णका स्मरण । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
को हि दौर्योधने सैन्ये पुमानासीन्महारथ:।
यं प्राप्य समरे वीरा न त्रस्यन्ति महाभये॥ १२॥
अनुवाद
उस महान भय के समय दुर्योधन की सेना में वह कौन वीर योद्धा था जिसके संरक्षण में वीर कौरव रणभूमि में भयभीत नहीं हुए ॥12॥
At that time of great fear, who was the brave warrior in Duryodhana's army under whose protection the valiant Kauravas did not feel frightened in the battle-field? ॥12॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥