श्री महाभारत  »  पर्व 6: भीष्म पर्व  »  अध्याय 99: नवें दिनके युद्धके लिये उभयपक्षकी सेनाओंकी व्यूह-रचना और उनके घमासान युद्धका आरम्भ तथा विनाशसूचक उत्पातोंका वर्णन  »  श्लोक 6
 
 
श्लोक  6.99.6 
दुर्योधनो महाराज त्रिगर्तै: सर्वतो वृत:।
व्यूहमध्ये स्थितो राजन् पाण्डवान् प्रति भारत॥ ६॥
 
 
अनुवाद
महाराज! भरतवंश के राजा! त्रिगर्त देश के सैनिकों से चारों ओर से घिरा हुआ दुर्योधन पाण्डवों का सामना करने के लिए सेना के मध्य में खड़ा था।
 
Maharaj! King of the Bharat dynasty! Surrounded on all sides by the soldiers of the Trigarta country, Duryodhana stood in the centre of the formation to face the Pandavas. 6.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)