श्री महाभारत  »  पर्व 6: भीष्म पर्व  »  अध्याय 98: भीष्मका दुर्योधनको अर्जुनका पराक्रम बताना और भयंकर युद्धके लिये प्रतिज्ञा करना तथा प्रात:काल दुर्योधनके द्वारा भीष्मकी रक्षाकी व्यवस्था  »  श्लोक 28
 
 
श्लोक  6.98.28 
दुर्योधनस्य तच्छ्रुत्वा रात्रौ विलपितं बहु।
मन्यमान: स तं राजन् प्रत्यादेशमिवात्मन:॥ २८॥
 
 
अनुवाद
राजन! रात्रि में दुर्योधन की अनेक प्रकार की चीखें सुनकर भीष्म समझ गये कि अब दुर्योधन मुझे युद्ध से हटाना चाहता है।
 
King! Having heard the various cries of Duryodhana at night, Bhishma understood that now Duryodhana wants to remove me from the battle.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)