Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.96.66: सूँड़ कटे हुए मतवाले हाथी नीचे गिर रहे थे। उन सबके कारण युद्धभूमि नाना प्रकार के आभूषणों से सुसज्जित कन्या के समान सुशोभित हो रही थी। | mahabharat अध्याय 6.96: इरावान्के वधसे अर्जुनका दु:खपूर्ण उद्गार, भीमसेनके द्वारा धृतराष्ट्रके नौ पुत्रोंका वध, अभिमन्यु और अम्बष्ठका युद्ध, युद्धकी भयानक स्थितिका वर्णन तथा आठवें दिनके युद्धका उपसंहार । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
सूँड़ कटे हुए मतवाले हाथी नीचे गिर रहे थे। उन सबके कारण युद्धभूमि नाना प्रकार के आभूषणों से सुसज्जित कन्या के समान सुशोभित हो रही थी।
The drunken elephants whose trunks were cut off were falling down. Because of all of them, the battlefield was being decorated like a maiden adorned with various ornaments.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥