श्री महाभारत  »  पर्व 6: भीष्म पर्व  »  अध्याय 95: दुर्योधनके अनुरोध और भीष्मजीकी आज्ञासे भगदत्तका घटोत्कच, भीमसेन और पाण्डव-सेनाके साथ घोर युद्ध  »  श्लोक 82
 
 
श्लोक  6.95.82 
ततो दुर्योधनो राजा त्वरमाणो महारथ:।
सेनामचोदयत् क्षिप्रं रथनागाश्वसंकुलाम्॥ ८२॥
 
 
अनुवाद
तब महाबली राजा दुर्योधन ने शीघ्रतापूर्वक अपनी रथ, हाथी और घोड़ों से युक्त सेना को युद्धभूमि में भेजा।
 
Then the mighty warrior King Duryodhana hastily urged his army consisting of chariots, elephants and horses to the battle field. 82.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)