Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.82.47: तत्पश्चात् महाबली सात्यकि ने अपने अनेक तीखे बाणों द्वारा आपके अन्य योद्धाओं को भी मारना आरम्भ कर दिया। उस समय उससे भयभीत हुए सभी योद्धा भागने लगे। | mahabharat अध्याय 6.82: श्रीकृष्ण और अर्जुनसे डरकर कौरवसेनामें भगदड़, द्रोणाचार्य और विराटका युद्ध, विराटपुत्र शंखका वध, शिखण्डी और अश्वत्थामाका युद्ध, सात्यकिके द्वारा अलम्बुषकी पराजय, धृष्टद्युम्नके द्वारा दुर्योधनकी हार तथा भीमसेन और कृतवर्माका युद्ध । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तत्पश्चात् महाबली सात्यकि ने अपने अनेक तीखे बाणों द्वारा आपके अन्य योद्धाओं को भी मारना आरम्भ कर दिया। उस समय उससे भयभीत हुए सभी योद्धा भागने लगे।
Thereafter, the mighty Satyaki started killing your other warriors also with his numerous sharp arrows. At that time, all those warriors who were afraid of him started running away. 47॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥