Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.64.28-30: राजन! तब आपके चौदह पुत्रों ने भीमसेन पर आक्रमण किया। उनके नाम हैं- सेनापति, सुषेण, जलसंध, सुलोचन, उग्र, भीमरथ, भीम, वीरबाहु, अलोलुप, दुर्मुख, दुष्प्रधर्ष, विवित्सु, विकट और साम- ये सभी क्रोध से लाल-लाल नेत्रों वाले भीमसेन पर अनेक बाणों की वर्षा करते हुए आक्रमण करने लगे और मिलकर उन्हें अत्यन्त घायल करने लगे। | mahabharat अध्याय 6.64: भीमसेन और घटोत्कचका पराक्रम, कौरवोंकी पराजय तथा चौथे दिनके युद्धकी समाप्ति । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
राजन! तब आपके चौदह पुत्रों ने भीमसेन पर आक्रमण किया। उनके नाम हैं- सेनापति, सुषेण, जलसंध, सुलोचन, उग्र, भीमरथ, भीम, वीरबाहु, अलोलुप, दुर्मुख, दुष्प्रधर्ष, विवित्सु, विकट और साम- ये सभी क्रोध से लाल-लाल नेत्रों वाले भीमसेन पर अनेक बाणों की वर्षा करते हुए आक्रमण करने लगे और मिलकर उन्हें अत्यन्त घायल करने लगे।
King! Then your fourteen sons attacked Bhimasena. Their names are- Senapati, Sushen, Jalasandh, Sulochan, Ugra, Bhimarath, Bhima, Veerbahu, Alolup, Durmukh, Dushpradharsh, Vivitsu, Vikata and Sama-all of them, with their eyes turning red with anger, attacked Bhimasena showering many arrows and together started wounding him very badly.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥