vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री महाभारत
»
पर्व 6: भीष्म पर्व
»
अध्याय 62: धृष्टद्युम्न और शल्य आदि दोनों पक्षके वीरोंका युद्ध तथा भीमसेनके द्वारा गजसेनाका संहार
»
श्लोक 50
श्लोक
6.62.50
एकप्रहारनिहतान् भीमसेनेन दन्तिन:।
अपश्याम रणे तस्मिन् गिरीन् वज्रहतानिव॥ ५०॥
अनुवाद
हे राजन! उस युद्धस्थल में हमने देखा कि वज्र से घायल हुए पर्वतों के समान दन्तधारी हाथी भी भीमसेन के एक ही प्रहार से मर गये।
O King, on that battlefield we saw even tusked elephants, like mountains struck by thunderbolts, die with a single blow from Bhimasena. 50.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×