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mahabharat 6.58.36: मैं किसी भी प्रकार यह विश्वास नहीं कर सकता कि पाण्डव युद्ध में आप, द्रोणाचार्य, कृपाचार्य और अश्वत्थामा के समान शक्तिशाली हैं।   |   mahabharat अध्याय 6.58: पाण्डव-वीरोंका पराक्रम, कौरव-सेनामें भगदड़ तथा दुर्योधन और भीष्मका संवाद   ।   mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  6.58.36 
न पाण्डवान् प्रतिबलांस्तव मन्ये कथंचन।
तथा द्रोणस्य संग्रामे द्रौणेश्चैव कृपस्य च॥ ३६॥
 
 
अनुवाद
मैं किसी भी प्रकार यह विश्वास नहीं कर सकता कि पाण्डव युद्ध में आप, द्रोणाचार्य, कृपाचार्य और अश्वत्थामा के समान शक्तिशाली हैं।
 
I cannot in any way believe that the Pandavas are as strong as you, Dronacharya, Krupacharya and Ashwatthama in the war.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)