Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.48.55-56h: तत्पश्चात् क्षत्रियकुल को आनन्द प्रदान करने वाले विराटकुमार श्वेत ने युद्ध में कुपित होकर बलपूर्वक अपना धनुष खींचा और पुनः भीष्म पर बाणों का प्रहार किया ॥55 1/2॥ | mahabharat अध्याय 6.48: श्वेतका महाभयंकर पराक्रम और भीष्मके द्वारा उसका वध । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तत्पश्चात् क्षत्रियकुल को आनन्द प्रदान करने वाले विराटकुमार श्वेत ने युद्ध में कुपित होकर बलपूर्वक अपना धनुष खींचा और पुनः भीष्म पर बाणों का प्रहार किया ॥55 1/2॥
Thereafter, Viratkumar Shweta, who brought joy to the Kshatriya clan, became enraged in the battle, pulled his bow with force and attacked Bhishma again with arrows. 55 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥