Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.44.4-5: तभी दोनों सेनाओं में सिंहों की दहाड़, चीत्कार, क्रकच, नरसिंह, भेरी, मृदंग और ढोल जैसे बाजे की ध्वनि तथा घोड़ों और हाथियों की गर्जना गूँजने लगी। पांडव सैनिकों ने हम पर आक्रमण किया और हमने भी भयंकर गर्जना करते हुए उन पर आक्रमण किया। इस प्रकार एक अत्यंत भयंकर युद्ध आरंभ हो गया। | mahabharat अध्याय 6.44: कौरव-पाण्डवोंके प्रथम दिनके युद्धका आरम्भ । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तभी दोनों सेनाओं में सिंहों की दहाड़, चीत्कार, क्रकच, नरसिंह, भेरी, मृदंग और ढोल जैसे बाजे की ध्वनि तथा घोड़ों और हाथियों की गर्जना गूँजने लगी। पांडव सैनिकों ने हम पर आक्रमण किया और हमने भी भयंकर गर्जना करते हुए उन पर आक्रमण किया। इस प्रकार एक अत्यंत भयंकर युद्ध आरंभ हो गया।
Then the roars of lions, the sounds of shrieks, the sound of instruments like krakacha, narsingha, bheri, mridanga and drums and the roaring of horses and elephants started reverberating in both the armies. The Pandava soldiers attacked us and we also attacked them roaring fiercely. Thus a very fierce battle began.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥