Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.43.65: हे राजन! मुझे कोई नहीं मार सकता, जब तक मैं शस्त्र त्यागकर, मूर्छित होकर मृत्युपर्यन्त उपवास न कर लूँ। तभी कोई महान योद्धा युद्ध में मुझे मार सकेगा; मैं तुमसे सत्य कहता हूँ। | mahabharat अध्याय 6.43: गीताका माहात्म्य तथा युधिष्ठिरका भीष्म, द्रोण, कृप और शल्यसे अनुमति लेकर युद्धके लिये तैयार होना । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे राजन! मुझे कोई नहीं मार सकता, जब तक मैं शस्त्र त्यागकर, मूर्छित होकर मृत्युपर्यन्त उपवास न कर लूँ। तभी कोई महान योद्धा युद्ध में मुझे मार सकेगा; मैं तुमसे सत्य कहता हूँ।
O King! No one can kill me except when I lay down my arms and sit down unconscious to fast till death. Only then can a great warrior kill me in battle; I am telling you the truth. 65.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥