Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.3.57: तुम्हारा धर्म सर्वथा लुप्त हो गया है। अपने पुत्रों को धर्म का मार्ग दिखाओ। हे वीर! तुम उस राज्य का क्या करना चाहते हो, जिसके लिए तुम अपने ऊपर पाप लाद रहे हो?॥57॥ | mahabharat अध्याय 6.3: व्यासजीके द्वारा अमंगलसूचक उत्पातों तथा विजयसूचक लक्षणोंका वर्णन । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तुम्हारा धर्म सर्वथा लुप्त हो गया है। अपने पुत्रों को धर्म का मार्ग दिखाओ। हे वीर! तुम उस राज्य का क्या करना चाहते हो, जिसके लिए तुम अपने ऊपर पाप लाद रहे हो?॥57॥
‘Your Dharma has become totally lost. Show your sons the path of Dharma. O brave warrior! What do you want to do with the kingdom, for which you are burdening yourself with sins?॥ 57॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥