Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.14.52-53: उस समय युद्ध में शत्रुसंहारक भीष्म के साथ कौन-कौन वीर योद्धा थे? संजय! भीष्म ने पाण्डवों के साथ किस प्रकार युद्ध किया? यह मुझे बताओ। उन वीर सेनापतियों के मारे जाने पर मेरे पुत्र की सेना विधवा के समान असहाय हो गई है॥ 52-53॥ | mahabharat अध्याय 6.14: धृतराष्ट्रका विलाप करते हुए भीष्मजीके मारे जानेकी घटनाको विस्तारपूर्वक जाननेके लिये संजयसे प्रश्न करना । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
के वीरास्तममित्रघ्नमन्वयु: शस्त्रसंसदि॥ ५२॥
शंस मे तद् तथा चासीद् युद्धं भीष्मस्य पाण्डवै:।
योषेव हतवीरा मे सेना पुत्रस्य संजय॥ ५३॥
अनुवाद
उस समय युद्ध में शत्रुसंहारक भीष्म के साथ कौन-कौन वीर योद्धा थे? संजय! भीष्म ने पाण्डवों के साथ किस प्रकार युद्ध किया? यह मुझे बताओ। उन वीर सेनापतियों के मारे जाने पर मेरे पुत्र की सेना विधवा के समान असहाय हो गई है॥ 52-53॥
At that time, who were the brave warriors accompanying the enemy-killer Bhishma in the war? Sanjaya! How did Bhishma fight with the Pandavas? Tell me this. After the death of those brave commanders, my son's army has become as helpless as a widow. ॥ 52-53॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥