Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.122.8: आओ, आओ कर्ण! तुमने सदैव मुझसे झगड़ा किया है। तुमने सदैव मुझसे प्रतिस्पर्धा की है। यदि तुम आज मेरे पास न आते, तो निश्चय ही तुम्हारा कल्याण न होता॥8॥ | mahabharat अध्याय 6.122: भीष्म और कर्णका रहस्यमय संवाद । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
एह्येहि मे विप्रतीप स्पर्धसे त्वं मया सह।
यदि मां नाधिगच्छेथा न ते श्रेयो ध्रुवं भवेत्॥ ८॥
अनुवाद
आओ, आओ कर्ण! तुमने सदैव मुझसे झगड़ा किया है। तुमने सदैव मुझसे प्रतिस्पर्धा की है। यदि तुम आज मेरे पास न आते, तो निश्चय ही तुम्हारा कल्याण न होता॥8॥
Come, come, Karna! You have always quarrelled with me. You have always competed with me. If you had not come to me today, you would certainly not have been blessed.॥ 8॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥