Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.113.7-8: महाराज! तब शत्रु योद्धाओं का नाश करने वाले पाण्डुकपुत्र वीर भीमसेन ने सम्पूर्ण लोकों के राजाओं, महारथियों तथा आपके पराक्रमी पुत्रों को बाणों से घायल करके रणभूमि में मार डाला। | mahabharat अध्याय 6.113: कौरवपक्षके दस प्रमुख महारथियोंके साथ अकेले घोर युद्ध करते हुए भीमसेनका अद्भुत पराक्रम । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
स तान् सर्वान् महाराज राजमानान् पृथक् पृथक्॥ ७॥
प्रवीरान् सर्वलोकस्य धार्तराष्ट्रान् महारथान्।
जघान समरे वीर: पाण्डव: परवीरहा॥ ८॥
अनुवाद
महाराज! तब शत्रु योद्धाओं का नाश करने वाले पाण्डुकपुत्र वीर भीमसेन ने सम्पूर्ण लोकों के राजाओं, महारथियों तथा आपके पराक्रमी पुत्रों को बाणों से घायल करके रणभूमि में मार डाला।
Maharaj! Then the brave Bhimasena, the son of Panduka, who destroyed the enemy warriors, killed all the kings of the whole world, the great warriors and your mighty sons by shooting each of them with arrows and injuring them in the battlefield. 7-8॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥