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mahabharat 6.113.36: यद्यपि उन महारथियों ने उन पर सब प्रकार के अस्त्र-शस्त्र फेंके, फिर भी भीमसेन ने उन्हें तिनके के समान समझा और बिना कष्ट के विचरण करते रहे।   |   mahabharat अध्याय 6.113: कौरवपक्षके दस प्रमुख महारथियोंके साथ अकेले घोर युद्ध करते हुए भीमसेनका अद्भुत पराक्रम   ।   mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  6.113.36 
स तथा पीडॺमानोऽपि सर्वशस्त्रैर्महारथै:।
मत्वा तृणेन तांस्तुल्यान् विचचार गतव्यथ:॥ ३६॥
 
 
अनुवाद
यद्यपि उन महारथियों ने उन पर सब प्रकार के अस्त्र-शस्त्र फेंके, फिर भी भीमसेन ने उन्हें तिनके के समान समझा और बिना कष्ट के विचरण करते रहे।
 
Even though those mighty car-warriors hurled all kinds of weapons at them, Bhimasena treated them as straws and continued to wander about pain-free.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)