Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.101.40: तदनन्तर, जैसे सिंह हाथी पर आक्रमण करता है, उसी प्रकार सात्यकि ने आगे बढ़कर पाण्डवपुत्र अर्जुन को प्रसन्न करने के लिए कृपाचार्य को अपने तीखे बाणों से घायल कर दिया। | mahabharat अध्याय 6.101: अभिमन्युके द्वारा अलम्बुषकी पराजय, अर्जुनके साथ भीष्मका तथा कृपाचार्य, अश्वत्थामा और द्रोणाचार्यके साथ सात्यकिका युद्ध । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तदनन्तर, जैसे सिंह हाथी पर आक्रमण करता है, उसी प्रकार सात्यकि ने आगे बढ़कर पाण्डवपुत्र अर्जुन को प्रसन्न करने के लिए कृपाचार्य को अपने तीखे बाणों से घायल कर दिया।
Then, just as a lion attacks an elephant, Satyaki stepped forward and, in order to please Arjuna, the son of Pandava, pierced Krupacharya with his sharp arrows.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥