श्री महाभारत  »  पर्व 6: भीष्म पर्व  »  अध्याय 101: अभिमन्युके द्वारा अलम्बुषकी पराजय, अर्जुनके साथ भीष्मका तथा कृपाचार्य, अश्वत्थामा और द्रोणाचार्यके साथ सात्यकिका युद्ध  »  श्लोक 19-20h
 
 
श्लोक  6.101.19-20h 
तेन ते विशिखा मुक्ता यमदण्डोपमा: शिता:॥ १९॥
अभिमन्युं विनिर्भिद्य प्राविशन्त धरातलम्।
 
 
अनुवाद
उसके छोड़े हुए बाण, यम की गदा के समान भयंकर और तीखे, अभिमन्यु के शरीर को छेदकर पृथ्वी में धँस गए ॥19 1/2॥
 
The arrows shot by him, as fierce and sharp as the mace of Yama, pierced Abhimanyu's body and sank into the earth. ॥19 1/2॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)