Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 6.100.22-23: पूर्णिमा के दिन वायु के झोंकों से क्षुब्ध समुद्र की गर्जना के समान आपकी सेना का भयंकर घोष सुनकर दुर्योधन ने ऋष्यश्रृंग के पुत्र राक्षस अलम्बुष से इस प्रकार कहा - 'महाबाहो! यह अर्जुनपुत्र दूसरे अर्जुन के समान पराक्रमी है। | mahabharat अध्याय 6.100: द्रौपदीके पाँचों पुत्रों और अभिमन्युका राक्षस अलम्बुषके साथ घोर युद्ध एवं अभिमन्युके द्वारा नष्ट होती हुई कौरव-सेनाका युद्धभूमिसे पलायन । mahabharat पर्व 6: भीष्म पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
पूर्णिमा के दिन वायु के झोंकों से क्षुब्ध समुद्र की गर्जना के समान आपकी सेना का भयंकर घोष सुनकर दुर्योधन ने ऋष्यश्रृंग के पुत्र राक्षस अलम्बुष से इस प्रकार कहा - 'महाबाहो! यह अर्जुनपुत्र दूसरे अर्जुन के समान पराक्रमी है।
On hearing the terrifying cry of your army, which was like the roar of the sea agitated by the gusts of wind on a full-moon day, Duryodhana addressed the demon Alambusha, son of Rishyashringa, thus: 'Mahabaho! This son of Arjuna is as valiant as the second Arjuna.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥