श्री महाभारत  »  पर्व 5: उद्योग पर्व  »  अध्याय 82: द्रौपदीका श्रीकृष्णसे अपना दु:ख सुनाना और श्रीकृष्णका उसे आश्वासन देना  »  श्लोक 46
 
 
श्लोक  5.82.46 
अहं च तत् करिष्यामि भीमार्जुनयमै: सह।
युधिष्ठिरनियोगेन दैवाच्च विधिनिर्मितात्॥ ४६॥
 
 
अनुवाद
महाराज युधिष्ठिर की आज्ञा और सृष्टिकर्ता की अदृश्य रचना से प्रेरित होकर मैं भीम, अर्जुन, नकुल और सहदेव के साथ आपकी इच्छानुसार कार्य करूंगा।
 
‘Inspired by Maharaja Yudhishthira's command and the unseen creation of the Creator, I, along with Bhima, Arjun, Nakula and Sahadeva, will do what you desire.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)