Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.79.6-7h: दुष्टबुद्धि वाला दुर्योधन सदैव धर्म और समाज के नियमों के विरुद्ध ही चलता है; किन्तु धर्म और समाज के विरुद्ध कार्य करने पर भी वह उससे अप्रसन्न नहीं होता। | mahabharat अध्याय 5.79: श्रीकृष्णका अर्जुनको उत्तर देना । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
स हि धर्मं च लोकं च त्यक्त्वा चरति दुर्मति:॥ ६॥
न हि संतप्यते तेन तथारूपेण कर्मणा।
अनुवाद
दुष्टबुद्धि वाला दुर्योधन सदैव धर्म और समाज के नियमों के विरुद्ध ही चलता है; किन्तु धर्म और समाज के विरुद्ध कार्य करने पर भी वह उससे अप्रसन्न नहीं होता।
The evil-minded Duryodhan always goes against the rules of Dharma and society; but even after doing such things against Dharma and society, he is not displeased with it. 6 1/2
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥