Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.57.6-7: राजा विराट अपने दोनों पुत्रों शंख और उत्तर, अपने वीर भाइयों सूर्यदत्त और मदिराक्ष तथा अन्य पुत्रों के साथ अक्षौहिणी सेना से घिरे कुंतीपुत्र युधिष्ठिर की सहायता के लिए उपस्थित हैं। | mahabharat अध्याय 5.57: संजयद्वारा पाण्डवोंकी युद्धविषयक तैयारीका वर्णन, धृतराष्ट्रका विलाप, दुर्योधनद्वारा अपनी प्रबलताका प्रतिपादन, धृतराष्ट्रका उसपर अविश्वास तथा संजयद्वारा धृष्टद्युम्नकी शक्ति एवं संदेशका कथन । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
राजा विराट अपने दोनों पुत्रों शंख और उत्तर, अपने वीर भाइयों सूर्यदत्त और मदिराक्ष तथा अन्य पुत्रों के साथ अक्षौहिणी सेना से घिरे कुंतीपुत्र युधिष्ठिर की सहायता के लिए उपस्थित हैं।
King Virata, along with his two sons Sankha and Uttara, his valiant brothers Suryadatta and Madiraksha and other sons, are present to help Yudhishthira, son of Kunti, who is surrounded by an Akshauhini army.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥