Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.40.20: यदि तुम मेरी कही हुई बात को ठीक-ठीक समझ सकोगे तो इस मनुष्य लोक में महान यश प्राप्त करोगे और तुम्हें इस लोक और परलोक में कोई भय नहीं रहेगा ॥20॥ | mahabharat अध्याय 5.40: धर्मकी महत्ताका प्रतिपादन तथा ब्राह्मण आदि चारों वर्णोंके धर्मका संक्षिप्त वर्णन । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
इदं वच: शक्ष्यसि चेद् यथाव-
न्निशम्य सर्वं प्रतिपत्तुमेव।
यश: परं प्राप्स्यसि जीवलोके
भयं न चामुत्र न चेह तेऽस्ति॥ २०॥
अनुवाद
यदि तुम मेरी कही हुई बात को ठीक-ठीक समझ सकोगे तो इस मनुष्य लोक में महान यश प्राप्त करोगे और तुम्हें इस लोक और परलोक में कोई भय नहीं रहेगा ॥20॥
If you are able to understand correctly what I have said then you will achieve great fame in this human world and you will have no fear in this world or the next. ॥20॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥