Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.33.23: जो पुरुष विद्वानों के समान बुद्धि रखते हैं, वे दुर्लभ वस्तुओं की इच्छा नहीं करते, खोई हुई वस्तु के लिए शोक नहीं करते और विपत्ति आने पर घबराते नहीं हैं ॥23॥ | mahabharat अध्याय 5.33: धृतराष्ट्र-विदुर-संवाद । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
नाप्राप्यमभिवाञ्छन्ति नष्टं नेच्छन्ति शोचितुम्।
आपत्सु च न मुह्यन्ति नरा: पण्डितबुद्धय:॥ २३॥
अनुवाद
जो पुरुष विद्वानों के समान बुद्धि रखते हैं, वे दुर्लभ वस्तुओं की इच्छा नहीं करते, खोई हुई वस्तु के लिए शोक नहीं करते और विपत्ति आने पर घबराते नहीं हैं ॥23॥
Men having wisdom like that of learned men do not desire rare objects, do not grieve for lost possessions, and do not panic when faced with adversity. ॥23॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥