श्री महाभारत  »  पर्व 5: उद्योग पर्व  »  अध्याय 194: अर्जुनके द्वारा अपनी, अपने सहायकोंकी तथा युधिष्ठिरकी भी शक्तिका परिचय देना  »  श्लोक 16
 
 
श्लोक  5.194.16 
तथेमे पुरुषव्याघ्रा: सहायास्तत्र पार्थिव।
सर्वे दिव्यास्त्रविद्वांस: सर्वे युद्धाभिकाङ्क्षिण:॥ १६॥
 
 
अनुवाद
हे राजन! ये सभी सिंह-पुरुष जो हमारे सहायक हैं, दिव्य अस्त्रों के ज्ञाता हैं और सभी युद्ध की इच्छा रखते हैं॥16॥
 
O King! All these lion-men who are our assistants have knowledge of the divine weapons and all of them desire war.॥ 16॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)