Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.19.13-14h: महाबली पाण्डवों के पास इधर-उधर से सात अक्षौहिणी सेनाएँ इकट्ठी हो गई थीं, जो नाना प्रकार की ध्वजाओं और पताकाओं से सुशोभित प्रतीत होती थीं। ये सब सेनाएँ कौरवों के साथ युद्ध करने की इच्छा से पाण्डवों के हर्ष को बढ़ा रही थीं॥13 1/2॥ | mahabharat अध्याय 5.19: युधिष्ठिर और दुर्योधनके यहाँ सहायताके लिये आयी हुई सेनाओंका संक्षिप्त विवरण । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
महाबली पाण्डवों के पास इधर-उधर से सात अक्षौहिणी सेनाएँ इकट्ठी हो गई थीं, जो नाना प्रकार की ध्वजाओं और पताकाओं से सुशोभित प्रतीत होती थीं। ये सब सेनाएँ कौरवों के साथ युद्ध करने की इच्छा से पाण्डवों के हर्ष को बढ़ा रही थीं॥13 1/2॥
Seven Akshauhini armies had gathered near the great Pandavas from here and there, which appeared to be adorned with various types of flags and banners. All these armies were increasing the joy of the Pandavas by wishing to fight with the Kauravas.॥ 13 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥