Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.188.15-17: नरेन्द्र! इसके बाद राजा द्रुपद ने उस गुप्त कन्या का पुत्रवत सभी संस्कार संपन्न करवाया। द्रुपद की रानी ने इस रहस्य को गुप्त रखने का भरसक प्रयास किया। वह उस कन्या को अपना पुत्र कहती थी। सम्पूर्ण नगर में द्रुपद के अतिरिक्त और किसी को भी यह पता नहीं था कि वह कन्या है। 15-17. | mahabharat अध्याय 5.188: अम्बाका राजा द्रुपदके यहाँ कन्याके रूपमें जन्म, राजा तथा रानीका उसे पुत्ररूपमें प्रसिद्ध करके उसका नाम शिखण्डी रखना । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तत: स राजा द्रुपद: प्रच्छन्नाया नराधिप॥ १५॥
पुत्रवत् पुत्रकार्याणि सर्वाणि समकारयत्।
रक्षणं चैव मन्त्रस्य महिषी द्रुपदस्य सा॥ १६॥
चकार सर्वयत्नेन ब्रुवाणा पुत्र इत्युत।
न च तां वेद नगरे कश्चिदन्यत्र पार्षतात्॥ १७॥
अनुवाद
नरेन्द्र! इसके बाद राजा द्रुपद ने उस गुप्त कन्या का पुत्रवत सभी संस्कार संपन्न करवाया। द्रुपद की रानी ने इस रहस्य को गुप्त रखने का भरसक प्रयास किया। वह उस कन्या को अपना पुत्र कहती थी। सम्पूर्ण नगर में द्रुपद के अतिरिक्त और किसी को भी यह पता नहीं था कि वह कन्या है। 15-17.
Narendra! After this, King Drupada got all the rituals of the hidden girl performed just like a son. Drupada's queen made every effort to keep this secret a secret. She used to call the girl as her son. In the entire city, except Drupada, no one else knew that she was a girl. 15-17.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥