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श्री महाभारत
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पर्व 5: उद्योग पर्व
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अध्याय 180: भीष्म और परशुरामका घोर युद्ध
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श्लोक 34-35h
श्लोक
5.180.34-35h
ते शरा: स्वसमुत्थेन प्रदीप्ताश्चित्रभानुना॥ ३४॥
भूमौ सर्वे तदा राजन् भस्मभूता: प्रपेदिरे।
अनुवाद
हे राजन! वे सब बाण अपने ही संघर्ष से उत्पन्न हुई अग्नि से जलकर भस्म हो गए और भूमि पर गिर पड़े॥34 1/2॥
O King! All those arrows were burnt to ashes by the fire generated by their own conflict and fell on the ground. ॥ 34 1/2 ॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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