Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.171.24-25h: द्रुपद का युवा पुत्र सत्यजित् युद्ध के लिए सदैव तत्पर रहता है। उसने धृष्टद्युम्न के समान अतिरथी पद प्राप्त कर लिया है। वह पाण्डवों के यश का विस्तार करने की इच्छा से युद्ध में महान् कार्य करेगा। 24 1/2॥ | mahabharat अध्याय 5.171: पाण्डवपक्षके रथी, महारथी एवं अतिरथी आदिका वर्णन । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
द्रुपद का युवा पुत्र सत्यजित् युद्ध के लिए सदैव तत्पर रहता है। उसने धृष्टद्युम्न के समान अतिरथी पद प्राप्त कर लिया है। वह पाण्डवों के यश का विस्तार करने की इच्छा से युद्ध में महान् कार्य करेगा। 24 1/2॥
Drupada's young son Satyajit is always eager for war. He has attained the status of Atirathi like Dhrishtadyumna. He will perform great deeds in the war with the desire to expand the fame of the Pandavas. 24 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥