Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.167.3: महाधनुर्धर द्रोणपुत्र अश्वत्थामा समस्त धनुर्धरों में श्रेष्ठ है। वह युद्ध में विचित्र प्रकार से शत्रुओं का सामना करता है, प्रबल अस्त्र-शस्त्रों से सुसज्जित है और महारथी है। 3॥ | mahabharat अध्याय 5.167: कौरवपक्षके रथी, महारथी और अतिरथियोंका वर्णन । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
द्रोणपुत्रो महेष्वास: सर्वानेवाति धन्विन:।
समरे चित्रयोधी च दृढास्त्रश्च महारथ:॥ ३॥
अनुवाद
महाधनुर्धर द्रोणपुत्र अश्वत्थामा समस्त धनुर्धरों में श्रेष्ठ है। वह युद्ध में विचित्र प्रकार से शत्रुओं का सामना करता है, प्रबल अस्त्र-शस्त्रों से सुसज्जित है और महारथी है। 3॥
The great archer Drona's son Ashwatthama is the greatest of all archers. He faces the enemies in a strange manner in the war, is equipped with strong weapons and is a master. 3॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥