श्री महाभारत  »  पर्व 5: उद्योग पर्व  »  अध्याय 161: पाण्डवोंके शिविरमें पहुँचकर उलूकका भरी सभामें दुर्योधनका संदेश सुनाना  »  श्लोक 17
 
 
श्लोक  5.161.17 
अनिलो वा वहेन्मेरुं द्यौर्वापि निपतेन्महीम्।
युगं वा परिवर्तेत यद्येवं स्याद् यथाऽऽत्थ माम्॥ १७॥
 
 
अनुवाद
यदि आप जो कह रहे हैं वह संभव हो जाए तो हवा भी सुमेरु पर्वत को उठा ले जाएगी, स्वर्ग पृथ्वी पर गिर पड़ेगा या युग ही बदल जाएगा।
 
If what you are telling me becomes possible, then even the wind will lift Mount Sumeru, the heaven will fall on the earth or the era itself will change.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)