Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.160.43: तुम्हारी बातें कुछ और हैं; परन्तु तुम्हारे कर्म कुछ और ही प्रतीत होते हैं। तुम्हारा वेद-अध्ययन और तुम्हारा शांत स्वभाव लोगों को दिखाने के लिए केवल दिखावा है।' 43. | mahabharat अध्याय 5.160: दुर्योधनका उलूकको दूत बनाकर पाण्डवोंके पास भेजना और उनसे कहनेके लिये संदेश देना । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तुम्हारी बातें कुछ और हैं; परन्तु तुम्हारे कर्म कुछ और ही प्रतीत होते हैं। तुम्हारा वेद-अध्ययन और तुम्हारा शांत स्वभाव लोगों को दिखाने के लिए केवल दिखावा है।' 43.
‘Your words are something else; but your actions appear to be something else. Your study of the Vedas and your calm nature are just a pretense to show to people. 43.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥