Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.149.4-5: ययाति के पाँच पुत्र हुए, जो सभी बड़े राजा हुए। उनमें से ज्येष्ठ पुत्र यदु बड़ा तेजस्वी और पराक्रमी था और सबसे छोटा पुत्र पुरु था, जिसने हमारे वंश की वृद्धि की है। वह वृषपर्वा की पुत्री शर्मिष्ठा के गर्भ से उत्पन्न हुआ था।॥4-5॥ | mahabharat अध्याय 5.149: दुर्योधनके प्रति धृतराष्ट्रके युक्तिसंगत वचन—पाण्डवोंको आधा राज्य देनेके लिये आदेश । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
ययाति के पाँच पुत्र हुए, जो सभी बड़े राजा हुए। उनमें से ज्येष्ठ पुत्र यदु बड़ा तेजस्वी और पराक्रमी था और सबसे छोटा पुत्र पुरु था, जिसने हमारे वंश की वृद्धि की है। वह वृषपर्वा की पुत्री शर्मिष्ठा के गर्भ से उत्पन्न हुआ था।॥4-5॥
‘Yayati had five sons, all of whom were great kings. Among them, the eldest son Yadu was very radiant and powerful and the youngest son was named Puru, who has increased our dynasty. He was born from the womb of Sharmishtha, the daughter of Vrishparva.॥ 4-5॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥