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mahabharat 5.149.13: इस प्रकार सिद्ध हुआ कि यदि ज्येष्ठ पुत्र अभिमानी हो तो उसे राज्य नहीं मिलता और छोटे पुत्र भी बड़ों की सेवा करके राज्य पाने के अधिकारी हो जाते हैं॥13॥   |   mahabharat अध्याय 5.149: दुर्योधनके प्रति धृतराष्ट्रके युक्तिसंगत वचन—पाण्डवोंको आधा राज्य देनेके लिये आदेश   ।   mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 5: उद्योग पर्व  »  अध्याय 149: दुर्योधनके प्रति धृतराष्ट्रके युक्तिसंगत वचन—पाण्डवोंको आधा राज्य देनेके लिये आदेश  »  श्लोक 13
 
 
श्लोक  5.149.13 
एवं ज्येष्ठोऽप्यथोत्सिक्तो न राज्यमभिजायते।
यवीयांसोऽपि जायन्ते राज्यं वृद्धोपसेवया॥ १३॥
 
 
अनुवाद
इस प्रकार सिद्ध हुआ कि यदि ज्येष्ठ पुत्र अभिमानी हो तो उसे राज्य नहीं मिलता और छोटे पुत्र भी बड़ों की सेवा करके राज्य पाने के अधिकारी हो जाते हैं॥13॥
 
Thus it is proved that if the eldest son is arrogant then he does not get the kingdom and even the younger sons become entitled to get the kingdom by serving the elders.॥ 13॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)