Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.146.22: युद्ध में अर्जुन को मारकर मैं युद्ध का फल प्राप्त करूँगा अथवा स्वयं सर्वज्ञ अर्जुन के द्वारा मारा जाकर यश का भागी बनूँगा ॥22॥ | mahabharat अध्याय 5.146: कर्णका कुन्तीको उत्तर तथा अर्जुनको छोड़कर शेष चारों पाण्डवोंको न मारनेकी प्रतिज्ञा । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
युद्ध में अर्जुन को मारकर मैं युद्ध का फल प्राप्त करूँगा अथवा स्वयं सर्वज्ञ अर्जुन के द्वारा मारा जाकर यश का भागी बनूँगा ॥22॥
By killing Arjuna in the battle, I will get the fruits of the battle or by getting killed by the ever-knowing Arjuna myself, I will become a sharer of fame. 22॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥