Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.124.34: भारतभूषण! विद्वान् और बुद्धिमान पुरुषों का प्रत्येक कर्म धर्म, अर्थ और काम - इन तीनों की सिद्धि के लिए अनुकूल होता है। यदि इन तीनों की सिद्धि असम्भव हो, तो बुद्धिमान मनुष्य धर्म और अर्थ का ही पालन करते हैं। 34॥ | mahabharat अध्याय 5.124: धृतराष्ट्रके अनुरोधसे भगवान् श्रीकृष्णका दुर्योधनको समझाना । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
भारतभूषण! विद्वान् और बुद्धिमान पुरुषों का प्रत्येक कर्म धर्म, अर्थ और काम - इन तीनों की सिद्धि के लिए अनुकूल होता है। यदि इन तीनों की सिद्धि असम्भव हो, तो बुद्धिमान मनुष्य धर्म और अर्थ का ही पालन करते हैं। 34॥
‘Bharatbhushan! Every action of learned and wise men is conducive to the accomplishment of all three - Dharma, Artha and Kama. If it is impossible to achieve all three, then intelligent humans follow only Dharma and Artha. 34॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥