Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 5.111.15-16h: ब्रह्माजी इस दिशा में नित्य निवास करते हैं, यज्ञादि अनुष्ठानों में तत्पर रहते हैं। तारे, चन्द्रमा और सूर्य भी सदैव इसी दिशा की परिक्रमा करते हैं। 15 1/2॥ | mahabharat अध्याय 5.111: उत्तर दिशाका वर्णन । mahabharat पर्व 5: उद्योग पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
ब्रह्माजी इस दिशा में नित्य निवास करते हैं, यज्ञादि अनुष्ठानों में तत्पर रहते हैं। तारे, चन्द्रमा और सूर्य भी सदैव इसी दिशा की परिक्रमा करते हैं। 15 1/2॥
Lord Brahma resides regularly in this direction, engaged in Yagya rituals. The stars, the moon and the sun also always revolve around it. 15 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥