Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 4.19.32: हे भरत! इसी प्रकार जब मैं आपके छोटे भाई सहदेव को, जो गौओं का चरवाहा बना है, ग्वाले के वेश में गौओं के बीच आते देखता हूँ, तब मेरा रक्त सूख जाता है और मेरा सारा शरीर पीला पड़ जाता है। ॥32॥ | mahabharat अध्याय 4.19: पाण्डवोंके दु:खसे दु:खित द्रौपदीका भीमसेनके सम्मुख विलाप । mahabharat पर्व 4: विराट पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे भरत! इसी प्रकार जब मैं आपके छोटे भाई सहदेव को, जो गौओं का चरवाहा बना है, ग्वाले के वेश में गौओं के बीच आते देखता हूँ, तब मेरा रक्त सूख जाता है और मेरा सारा शरीर पीला पड़ जाता है। ॥32॥
O Bharata, similarly when I see your younger brother Sahadeva, who has been made the herder of cows, coming among the cows in the guise of a cowherd, my blood dries up and my whole body turns pale. ॥ 32॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥