Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.84.158: जो मनुष्य कोकमुख तीर्थ में स्नान करता है, ब्रह्मचर्य और संयम का पालन करता है, उसे पूर्वजन्म की बातें स्मरण करने की शक्ति प्राप्त हो जाती है। ऐसा प्राचीन पुरुषों ने देखा है ॥158॥ | mahabharat अध्याय 3.84: नाना प्रकारके तीर्थोंकी महिमा । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जो मनुष्य कोकमुख तीर्थ में स्नान करता है, ब्रह्मचर्य और संयम का पालन करता है, उसे पूर्वजन्म की बातें स्मरण करने की शक्ति प्राप्त हो जाती है। ऐसा प्राचीन पुरुषों ने देखा है ॥158॥
A person who takes bath in Kokamukh Tirtha and observes celibacy and self-restraint acquires the power to remember things from his previous life. This has been witnessed by ancient men.॥ 158॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥