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श्लोक  3.83.176 
गङ्गाह्रदश्च तत्रैव कूपश्च भरतर्षभ।
तिस्र: कोटॺस्तु तीर्थानां तस्मिन् कूपे महीपते॥ १७६॥
 
 
अनुवाद
हे भरतश्रेष्ठ! गंगाहरद नाम का एक कुआँ है। हे राजन! उस कुएँ में तीन करोड़ तीर्थ निवास करते हैं। (176)
 
O best of the Bharatas! There is a well called Gangahrad. O King! Three crore pilgrimage sites reside in that well. 176.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)