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श्लोक  3.83.148 
पृथूदकात् तीर्थतमं नान्यत् तीर्थं कुरूद्वह।
तन्मेध्यं तत् पवित्रं च पावनं च न संशय:॥ १४८॥
 
 
अनुवाद
हे कुरुश्रेष्ठ! पृथूदक से बढ़कर कोई तीर्थ नहीं है। यह एकमात्र पवित्र एवं पुण्य स्थान है, इसमें संशय नहीं है।
 
O best of the Kurus! There is no better pilgrimage place than Prithudaka. It is the only sacred and holy place, there is no doubt about it. 148.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)