Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.37.26-27h: हे प्रभु! मुझे इस बात का बड़ा दुःख है कि पापी दुर्योधन ने राजाओं की सभा में मेरी ओर देखकर मुझे 'गाय' (बहुत से मनुष्यों द्वारा प्रयुक्त) कहकर मेरा उपहास किया। 26 1/2 | mahabharat अध्याय 3.37: अर्जुनका सब भाई आदिसे मिलकर इन्द्रकील पर्वतपर जाना एवं इन्द्रका दर्शन करना । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
इदं मे परमं दु:खं य: स पाप: सुयोधन:॥ २६॥
दृष्ट्वा मां गौरिति प्राह प्रहसन् राजसंसदि।
अनुवाद
हे प्रभु! मुझे इस बात का बड़ा दुःख है कि पापी दुर्योधन ने राजाओं की सभा में मेरी ओर देखकर मुझे 'गाय' (बहुत से मनुष्यों द्वारा प्रयुक्त) कहकर मेरा उपहास किया। 26 1/2
O Lord! I am most grieved by the fact that the sinner Duryodhan looked at me in the assembly of kings and ridiculed me by calling me a 'cow' (one who is used by many men). 26 1/2
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥