श्री महाभारत  »  पर्व 3: वन पर्व  »  अध्याय 36: युधिष्ठिरका भीमसेनको समझाना, व्यासजीका आगमन और युधिष्ठिरको प्रतिस्मृतिविद्याप्रदान तथा पाण्डवोंका पुन: काम्यकवनगमन  »  श्लोक 29
 
 
श्लोक  3.36.29 
श्रेयसस्ते पर: काल: प्राप्तो भरतसत्तम।
येनाभिभविता शत्रून् रणे पार्थो धनुर्धर:॥ २९॥
 
 
अनुवाद
‘भरतश्रेष्ठ! आपके कल्याण का उत्तम समय आ गया है, जिससे धनुर्धर अर्जुन युद्ध में शत्रुओं को परास्त करेंगे।’ 29॥
 
‘Bharatshrestha! The best time for your welfare has come, by which the archer Arjuna will defeat the enemies in the war. 29॥
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  हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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