Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.313.123: युधिष्ठिर बोले - हे प्रभु! यह श्यामवर्ण, लाल नेत्रों वाला, विशाल शालवृक्ष के समान ऊँचा, चौड़ी छाती वाला और महाबाहु नकुल पुनः जीवित हो जाय॥ 123॥ | mahabharat अध्याय 3.313: यक्ष और युधिष्ठिरका प्रश्नोत्तर तथा युधिष्ठिरके उत्तरसे संतुष्ट हुए यक्षका चारों भाइयोंके जीवित होनेका वरदान देना । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
युधिष्ठिर बोले - हे प्रभु! यह श्यामवर्ण, लाल नेत्रों वाला, विशाल शालवृक्ष के समान ऊँचा, चौड़ी छाती वाला और महाबाहु नकुल पुनः जीवित हो जाय॥ 123॥
Yudhishthira said, 'O Lord! This dark-skinned, red-eyed, tall as a huge sal tree, broad-chested and mighty-armed Nakula should come back to life.॥ 123॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥