Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 3.300.10: हे सत्यवचनों में श्रेष्ठ कर्ण, मेरी बात सुनो। हे महाबाहो, मैं शुभ इच्छा से तुम्हारे हित में एक बात कह रहा हूँ।॥10॥ | mahabharat अध्याय 3.300: सूर्यका स्वप्नमें कर्णको दर्शन देकर उसे इन्द्रको कुण्डल और कवच न देनेके लिये सचेत करना तथा कर्णका आग्रहपूर्वक कुण्डल और कवच देनेका ही निश्चय रखना । mahabharat पर्व 3: वन पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे सत्यवचनों में श्रेष्ठ कर्ण, मेरी बात सुनो। हे महाबाहो, मैं शुभ इच्छा से तुम्हारे हित में एक बात कह रहा हूँ।॥10॥
O dear Karna, the best among the truthful ones, listen to me. O mighty-armed one, out of good will, I am telling you something that is in your best interest.॥ 10॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥